No results found

    राजकोट : मेले में पहुंचने के लिए लोगों ने जोखिम में डाली अपनी जान जोखिम में डालते हुए सड़क पर बहते पानी को पार किया, देखें वीडियो | अंबाजी मेला आटकोट राजकोट में जलमग्न सेतु पार कर जान जोखिम में डालते ग्रामीण

    राजकोट के एटकोट में लोगों ने अपनी जान जोखिम में डालकर सड़क पर बहते पानी के बीच मेले का लुत्फ उठाया।

    TV9 GUJARATI

    | Edited By: Tanvi Soni

    अगस्त 19, 2022 | 4:26 अपराह्न

    राजकोट के (राजकोट) जसदानी के अतकोट स्थित अंबाजी मंदिर में परंपरा के अनुसार जन्माष्टमी (Janmashtami) मेले का आयोजन किया गया। लेकिन इस मेले में (निष्पक्ष) कई लोगों ने जाने के लिए अपनी जान जोखिम में डाल दी। ऊंचे इलाकों में भारी बारिश के कारण मेले की ओर जाने वाला मार्ग जलमग्न हो गया है. पुलिया से बड़े पैमाने पर पानी बह रहा है। हालांकि अनगिनत लोग उमस भरे पानी के बीच मेले में पहुंचे। लोगों को जान जोखिम में डालकर पुल पार करते देखा गया।

    राजकोट के एटकोट में मेले का लुत्फ उठाने के लिए लोगों ने अपनी जान जोखिम में डाल कर सड़क पर बहते पानी से होकर गुजरना शुरू कर दिया. फुटेज में देखा जा सकता है कि पुलिया से पानी निकल रहा है। फिर भी बच्चों से लेकर बूढ़ों तक सभी बिना किसी जोखिम के पुल के पानी से गुजर रहे हैं। हालांकि मंदिर जाने के लिए दूसरा रास्ता भी है, लेकिन लोग पंचवड़ा रोड पर बने पुलिया के पानी से गुजरते हुए मेला स्थल पर पहुंचे। लेकिन सवाल यह है कि अगर कोई हादसा होता है तो उसका जिम्मेदार कौन? दूसरा रास्ता उपलब्ध होने के बावजूद लोग अपनी जान जोखिम में क्यों डाल रहे हैं?

    देशभर में मनाई जा रही है जन्माष्टमी, राज्य में कई जगहों पर मेलों का आयोजन किया जाता है. राजकोट शहर में एक पारंपरिक मेला भी लगता है। लोक मेले में उत्सव का आनंद लेने के लिए हजारों की संख्या में लोग उमड़ पड़े हैं और इसका आनंद ले रहे हैं। यह मेला 17 अगस्त से 21 अगस्त तक चलेगा। लोक मेला को लेकर पुलिस आयुक्त द्वारा रेसकोर्स रिंग रोड पर वाहन ले जाने पर भी रोक लगा दी गई है. कुल 18 पार्किंग जोन बनाए गए हैं। इसके साथ ही मेले में प्रशासन, पुलिस, पीजीवीसीएल, नगर पालिका समेत टीमें लगाई जाएंगी। पूरे मेले में पुलिस की कड़ी मौजूदगी के साथ सीसीटीवी कैमरे भी लगाए गए हैं।

    Post a Comment

    Previous Next

    نموذج الاتصال